बिरसा कॉलेज खूंटी में स्वच्छता अभियान: एबीवीपी और हिंदी विभाग ने लिया बढ़-चढ़कर हिस्सा।

खूंटी, के बिरसा कॉलेज परिसर में शनिवार को अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद (एबीवीपी) और महाविद्यालय के हिंदी विभाग के संयुक्त तत्वावधान में एक व्यापक स्वच्छता अभियान का आयोजन किया गया। इस अभियान का उद्देश्य परिसर को स्वच्छ रखने के साथ-साथ छात्रों में स्वच्छता के प्रति सामूहिक जिम्मेदारी की भावना विकसित करना था।इस स्वच्छता कार्यक्रम की शुरुआत महाविद्यालय के मुख्य द्वार से हुई। इसके बाद सभी प्रतिभागियों ने विभिन्न विभागों, उद्यान क्षेत्र, पुस्तकालय मार्ग और छात्र इकाई भवन के परिसर की गहन सफाई की।इस मौके पर महाविद्यालय के प्रभारी प्राचार्य डॉ. चंद्र किशोर भगत ने कहा, “कॉलेज केवल पढ़ाई का स्थान नहीं, बल्कि सामाजिक जिम्मेदारी का केंद्र भी है। आज विद्यार्थियों ने जिस उत्साह से सफाई अभियान में भाग लिया, वह हमारे संस्थान की सकारात्मक सोच और अनुशासन को दर्शाता है। स्वच्छ परिसर से ही स्वच्छ समाज की शुरुआत होती है।”हिंदी विभाग की अध्यक्षा डॉ. संगीता कुमारी ने कहा, “हिंदी विभाग हर वर्ष सामाजिक जागरूकता से जुड़े कार्यक्रमों में अग्रणी भूमिका निभाता रहा है। आज का अभियान छात्रों में स्वच्छता के प्रति जिम्मेदारी और पर्यावरण संरक्षण के प्रति संवेदनशीलता बढ़ाने का एक सफल प्रयास है।”एबीवीपी के विभाग संयोजक, रांची, श्री प्रकाश टुटी ने कहा, “एबीवीपी हमेशा से समाज व कैंपस हित के मुद्दों पर सक्रिय रही है। आज का स्वच्छता अभियान छात्रों के बीच युवा शक्ति की सकारात्मक पहल को मजबूत करता है। हम विद्यार्थी केवल कक्षाओं तक सीमित नहीं रह सकते; कॉलेज परिसर हमारा दूसरा घर है, और इसे स्वच्छ रखना हमारी प्राथमिक जिम्मेदारी है।”श्री टुटी ने प्रभारी प्राचार्य डॉ. भगत और हिंदी विभाग अध्यक्ष डॉ. संगीता कुमारी का आभार व्यक्त किया, जिनके मार्गदर्शन में यह कार्यक्रम सफल हुआ। साथ ही उन्होंने एबीवीपी के सभी कार्यकर्ताओं और हिंदी विभाग के छात्र-छात्राओं के योगदान की सराहना की।इस अभियान में छात्र-छात्राओं ने न केवल परिसर की सफाई और कचरा संग्रहण का कार्य किया, बल्कि उन्होंने पौधों की देखरेख भी की और ‘प्लास्टिक मुक्त कैंपस’ का संदेश भी जोरदार तरीके से फैलाया।इस कार्यक्रम में मुख्य रूप से डॉ. पूनम मैथ्यू (बर्सर), डॉ. पुष्प सुरीन, सुनीता कुमारी, संगीता टोप्पो, विजय प्रधान, प्रकाश प्रमाणिक, सुरेंद्र महतो तथा सुखराम सहित अनेक शिक्षकगण एवं कार्यकर्ता उपस्थित रहे।